Madhya Pradesh में छात्रों के लिए एक छात्र-हितैषी (Student Friendly) फैसला लिया गया है। अब कक्षा 9 और कक्षा 11 के छात्रों को एक ही साल में दूसरा मौका (Second Chance Exam) दिया जाएगा।

इस नई व्यवस्था के तहत यदि कोई छात्र पहली परीक्षा में असफल हो जाता है, तो उसे उसी शैक्षणिक वर्ष में दोबारा परीक्षा देने का अवसर मिलेगा, जिससे उसका पूरा साल खराब नहीं होगा।
📌 क्या है नया नियम?
नई व्यवस्था के अनुसार:
- कक्षा 9 और 11 के छात्रों को दूसरा मौका मिलेगा
- फेल होने पर छात्र उसी साल दोबारा परीक्षा दे सकेंगे
- छात्रों का एक साल बर्बाद होने से बचेगा
यह फैसला छात्रों के हित को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
🎯 छात्रों को क्या फायदा होगा?
इस निर्णय से छात्रों को कई फायदे मिलेंगे:
- फेल होने पर पूरा साल खराब नहीं होगा
- मानसिक तनाव कम होगा
- पढ़ाई जारी रखना आसान होगा
- छात्रों को सुधार का मौका मिलेगा
यह व्यवस्था खासकर उन छात्रों के लिए मददगार होगी जो थोड़े अंकों से फेल हो जाते हैं।
📚 कैसे होगा Second Chance Exam?
संभावना है कि:
- मुख्य परीक्षा के बाद पूरक (Supplementary) परीक्षा आयोजित होगी
- छात्रों को निर्धारित समय में आवेदन करना होगा
- पास होने पर अगली कक्षा में प्रमोशन मिल जाएगा
विस्तृत दिशा-निर्देश शिक्षा विभाग द्वारा जारी किए जाएंगे।
📈 शिक्षा व्यवस्था में नया ट्रेंड
👉 Trend: Student Friendly Education
हाल के वर्षों में शिक्षा व्यवस्था को अधिक छात्र-हितैषी बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
इसमें शामिल हैं:
- Second Chance Exam
- Skill Based Education
- Digital Learning
- Flexible Evaluation System
❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q1. Second Chance Exam किन कक्षाओं के लिए होगा?
👉 कक्षा 9 और कक्षा 11 के छात्रों के लिए।
Q2. क्या फेल होने पर साल बर्बाद नहीं होगा?
👉 नहीं, छात्र उसी साल दोबारा परीक्षा देकर पास हो सकते हैं।
Q3. परीक्षा कब होगी?
👉 मुख्य परीक्षा के बाद Supplementary Exam आयोजित होने की संभावना है।
Q4. क्या सभी छात्रों को मौका मिलेगा?
👉 जो छात्र मुख्य परीक्षा में असफल होंगे, वे आवेदन करके दूसरा मौका पा सकते हैं।









